उसका दुश्मन क्या कर सकता जिसका राम रुखाला रे
उसका दुश्मन क्या कर सकता जिसका राम रुखाला रे
हरकेश सैनी
भाया मिनख जमारो अनमोल
भाया मिनख जमारो अनमोल
हरकेश सैनी
न्हाले न्हाले म्हारा मनवा बीर सत्संग गंगा में
न्हाले न्हाले म्हारा मनवा बीर सत्संग गंगा में
हरकेश सैनी
थारी बहणा ने लेवण आजा रे म्हारा रामदेव अवतारी
थारी बहणा ने लेवण आजा रे म्हारा रामदेव अवतारी
हरकेश सैनी
मत ले रे जिवडा नींद हरामी
मत ले रे जिवडा नींद हरामी
हरकेश सैनी
भुले मत भोला अविनाशी एक दिन फुलरा कुम्भलासी
भुले मत भोला अविनाशी एक दिन फुलरा कुम्भलासी
हरकेश सैनी
कांटों लाग्यो रे सत्संग में म्हारे खटक रहो दिन रात
कांटों लाग्यो रे सत्संग में म्हारे खटक रहो दिन रात
हरकेश सैनी
सोदा लेले री सुहागन सुरता नार
सोदा लेले री सुहागन सुरता नार
हरकेश सैनी
चोरा को दाव अन्धेरा में लागे
चोरा को दाव अन्धेरा में लागे
हरकेश सैनी
याद करुं जब रोऊं हरदा में पल पल प्रेम सतावे
याद करुं जब रोऊं हरदा में पल पल प्रेम सतावे
हरकेश सैनी
मिनख जमारो ऐलो मत खोवे कर मालीक का हेरा रे
मिनख जमारो ऐलो मत खोवे कर मालीक का हेरा रे
हरकेश सैनी
मत ना सोच करे कौशल्या मैया आवेला भगवान
मत ना सोच करे कौशल्या मैया आवेला भगवान
हरकेश सैनी
कान्हा जमुना मे डर लागे म्हारो भरदे घडलो
कान्हा जमुना मे डर लागे म्हारो भरदे घडलो
हरकेश सैनी
म्हारा उठ रे लक्ष्मण बीर
म्हारा उठ रे लक्ष्मण बीर
हरकेश सैनी
नर तु क्या की करे रखवाली थारो चिड़िया चुग गई खेत
नर तु क्या की करे रखवाली थारो चिड़िया चुग गई खेत
हरकेश सैनी
चरखला वाली ऐ तेरो चरखो बोले राम
चरखला वाली ऐ तेरो चरखो बोले राम
हरकेश सैनी
रटले रे मुरली वाला ने किस विधि फेरु थारी माला ने
रटले रे मुरली वाला ने किस विधि फेरु थारी माला ने
हरकेश सैनी
मोहन आओ तों सही गिरधर आओ तों सही
मोहन आओ तों सही गिरधर आओ तों सही
हरकेश सैनी
सुगना की अर्जी सुनले रे म्हारा रामदेव अवतारी
सुगना की अर्जी सुनले रे म्हारा रामदेव अवतारी
हरकेश सैनी
चरखा रो भेद बताऊं ऐ सुण कातन वाली नार
चरखा रो भेद बताऊं ऐ सुण कातन वाली नार
हरकेश सैनी
नानी बाई रो मायरो
नानी बाई रो मायरो
हरकेश सैनी
थारी मोह माया ने छोड़ राम ने भज रे
थारी मोह माया ने छोड़ राम ने भज रे
हरकेश सैनी
हन्सा परम गुरुजी रे देश अमर उजाला रे
हन्सा परम गुरुजी रे देश अमर उजाला रे
हरकेश सैनी
जग में दो दिन का है मेल
जग में दो दिन का है मेल
हरकेश सैनी
कैंया भुलगी विधाता लिखणा ऐ
कैंया भुलगी विधाता लिखणा ऐ
हरकेश सैनी
थारा घट में बिराजे भगवान
थारा घट में बिराजे भगवान
हरकेश सैनी
छोटा सा बान्दरा ने हद करदी
छोटा सा बान्दरा ने हद करदी
हरकेश सैनी
भाई म्हारा राख रे बडो विस्वास रामजी ने भुले कांई रे
भाई म्हारा राख रे बडो विस्वास रामजी ने भुले कांई रे
हरकेश सैनी
थारो मन कोनी लागे बीरा माला में फसगो रे माकडी रा जाला में
थारो मन कोनी लागे बीरा माला में फसगो रे माकडी रा जाला में
हरकेश सैनी
दिल की दुविधा रहे न कोई गुरुजी मिले सुख होई
दिल की दुविधा रहे न कोई गुरुजी मिले सुख होई
हरकेश सैनी